प्रखंडक्षेत्रकेबड़ौरागांवमेंआयोजितज्ञानयज्ञकेजलभरीमेंआस्थाकाजनसैलाबउमड़पड़ा।नरहनगांवसेपूरबदिशामेंदुर्गावतीकर्मनाशानदीकेसंगमतटपरजलभरीयात्राकेलिएलोगपहुंचे।जहांकर्मकांडीविद्वानबच्चनचतुर्वेदी,जयप्रकाशतिवारी,सुनीलतिवारीद्वारावैदिकमंत्रोच्चारकेसाथमिट्टीकेकलशमेंजलसंचयकरायागया।तत्पश्चातसंतजीयरस्वामीवभारतमांकेजयकारेसेपूरापरिवेशगुंजायमानहोउठा।त्रिडंडीस्वामीवउनकेशिष्यराष्ट्रीयसंतजीयरस्वामीकेनामकाजयकारालगरहाथा।हांथीघोड़ासेसुसज्जितइसकलशयात्रामेंलोगोंकीभारीभीड़उमड़पड़ीथी।हरहरमहादेववभारतमाताकेभीजयकारेकीगुंजसुनाईदेरहीथी।गाजेबाजेकेसाथइसकलशयात्रामेंबड़ौरापंचायतकेअलावाअन्यजगहोंसेभीश्रद्धालुहिस्सालिए।आगेआगेमहिलाएंपीछेसेपुरूषचलरहेथे।बड़ौरागांवकेहाईस्कूलसेउत्तरदिशामेंस्थितखेलमैदानपरयहज्ञानयज्ञआयोजितकियागयाहै।प्रकृतिद्वाराबाधाउत्पन्नकरनेकेबादभीइसयज्ञमेंकोईरुकावटपैदानहींहोसकी।यज्ञकोसफलबनानेमेंगांवकेसामाजिककार्यकर्तापरशुरामतिवारी,रामप्रवेशसिंह,दयाशंकरतिवारी,मंगलसिंह,बबुआसिंह,वीरेंद्रसिंह,मंटूसिंह,पंकजसिंह,भीमसिंह,जयप्रकाशसिंह,ओमशिवा,चंदनसिंह,मंटूकुमारसिंहसहितकाफीसंख्यामेंलोगशामिलरहे।सातदिवसीयइसज्ञानयज्ञमेंराष्ट्रीयसंतजीयरस्वामीद्वारा19मार्चतकदोपहरमेंकथाकारसपानकरायाजाएगा।जिसकोलेकरपुरूषवमहिलाकेलिएअलगअलगपंडाललगायागयाहै।