संवादसहयोगी,संगरूर

जिसप्रकारगुरुद्वारासाहिबकीसेवा-संभालकेलिएशिरोमणिगुरुद्वाराप्रबंधककमेटीबनाईगईहैवैसेहीपंजाबकेऐतिहासिकमंदिरोंकीसंभालहेतुहिदुमंदिरएक्टबननाचाहिए,ताकिपंजाबकेगरीबहिदुतबकेकेलोगोंकीमददवभलाईकेकार्यकिएजासकें।यहमांगबजरंगदलपंजाबकेसीनियरनेतारितेशभारद्वाजनेहरमनहोटलमेंपत्रकारोंसेबातचीतकरतेहुएउठाई।

उन्होंनेकहाकिइससमयमाताकालीदेवीमंदिरपटियाला,दुग्र्यानामंदिरअमृतसरसहितपंजाबमेंकुल23बड़ेमंदिरहैं,जिनकाचढ़ावाप्रत्येकमाह70लाखरुपयेसेअधिकहोताहै।यहपंजाबसरकारकेखजानेमेंजाताहै,जबकिइसकीजरूरतजरूरतमंदोंपरखर्चकिएजानेकीहै।इनमंदिरोंपरयातोलोगोंनेनाजायजकब्जाकियाहुआहैयाफिरप्रशासनसेमिलकरठेकेदेकरजमीनेंजोतीजारहीहैं।ऐसेमेंहिदूलोगोंकेलिएभीशिरोमणिप्रबंधककमेटीकीतरहस्कूल,कालेज,अस्पतालवधर्मशालाखोलनेकीजरूरतहै।

स्वामीतूफानगिरिनेकहाकियहमांगलेकरवह4मार्चकोपंजाबकेमुख्यमंत्रीकैप्टनअमरिदरसिंहकेपासचंडीगढ़पहुंचेंगे।उनका350गाड़ियोंकाकाफिलाहोगा।उन्होंनेकहाकि1951मेंकेंद्रसरकारनेभारतकेसभीहिदुमंदिरोंकोमंदिरएक्टकेतहतअपनेकब्जेमेंलेलियाथा,जोअभीतकजारीहै।कैप्टनअमरिदरसिंहनेपिछलीसरकारकेसमयउनकीमांगकोजायजमानाथा,यदिसरकारनेमांगकोमाननेसेइंकारकियातोसंतसमाजसेयोजनाकायमकरआगामीरणनीतितयकीजाएगी।