नयीदिल्ली,31मार्च::अमेरिकामेंरहनेवालेअनंतपालसिंहअपनेपुरानेनोटबदलवानेकेलिएआजदिल्लीहवाईअड्डेसेभागते-भागतेरिजर्वबैंकपहुंचे,लेकिनयहांलगीलंबी-लंबीलाइनोंनेउनकेधैर्यकीजमकरपरीक्षाली।नोटबंदीकेदौरानदेशसेबाहरगएहुएलोगोंकेलिएप्रचलनसेबाहरहुएनोटोंकोबदलवानेकीआजअंतिमतिथिथी।हालांकिप्रवासीभारतीयोंकेलिएखिड़की30जूनतकखुलीरहेगी।सिंहनेकहा,मैंनेहवाईअड्डेपरसीमाशुल्कविभागसेसभीऔपचारिकताएंपूरीकरवायींऔरसीधेरिजर्वबैंकपहुंचा।जबतकपुरानेनोटमेरेपासथे,मैंसोनहींपाया।मुझेबहुतखुशीहैकिअंतत:मेराकामहोगया।हालांकिमुझेलंबीलाइनमेंखड़ाहोनापड़ा।पूरीप्रक्रियाकेदौरानबच्चोंकेसाथकारमेंमौजूदसिंहकीपत्नीसुरजीतकौरनेकहा,हमकैलिफोर्नियामेंरहतेहैंऔरहमारावक्तभारत-अमेरिकाकेबीचबंटताहै।उन्होंनेकहा,नोटबंदीकेदौरानहमदिल्लीमेंनहींथे।मुझेखुशीहैकिहमनेआजयहकरवालिया,क्योंकिहमारेपासअबकुछहीदिनकावक्तथा।लेकिनकईलोगइतनेसौभाग्यशालीनहींरहे।दक्षिणदिल्लीमेंरहनेवालेनिखिलबंसलकाकहनाहै,मैंनवंबर-दिसंबरमेंभारतसेबाहरथा।अंतिमतिथिकोलेकरभीकुछभ्रमथा।मैंआजबहुतदेरीसेआयाऔरमेरेनोटनहींबदलेगये।