मुंगेर।संग्रामपुरथानाक्षेत्रकेझीकुलीपंचायतकेरतनपुरागांवनिवासीस्वतंत्रतासंग्रामसेनानीजयनायरणसिंहकागुरुवारकोनिधनहोगया।वहलगभग102वर्षकेथे।देशकीआजादीकीजंगलड़नेवालेजयनायरणसिंहकीमौतकीखबरसेक्षेत्रमेंशोककीलहरदौड़गई

रतनपुराकेइकलौतेजीवितरहेस्वतंत्रतासंग्रामसेनानीजयनारायणसिंहपिछलेकईमहीनेसेअस्वस्थचलरहेथे।इनकीमौतकीखबरपरसमूचाक्षेत्रशोकाकुलहोउठा।उनकेघरपरक्षेत्रकेकाफीसंख्यामेंलोगपहुंचे।उनकेनिधनकीखबरसुनतेहीनवयुवकसेवासंघकेसंस्थापकसहकांग्रेसनेताराजेशकुमारमिश्राभीउनकेआवासपरपहुंचेएवंस्वतंत्रतासेनानीकेशवपरपुष्पअर्जितकरशोकसंवेदनाव्यक्तकिया।बतादेंकिसंग्रामपुरक्षेत्रकेरतनपुरागांवनिवासी102वर्षीयजयनारायणसिंहवर्ष1942कीलड़ाईमेंदेशकीआजादीकेलिएजेलगएथे।

बचपनसेहीवहआंदोलनकारियोंकेसाथजुड़गएथे।गांधीजीकोअपनागुरुमानतेथे।गांवमेंबीरबलकहेजानेवालेइसवयोवृद्धस्वतंत्रतासेनानीनेहमेशाभारतमाताकेजयकारेकेसाथहीसुबहकीनींदतोड़नेकीआदतडालरखीथी।

भारतछोड़ोआंदोलनमेंवेकिसानोंकेसंगठनकेमाध्यमसेउन्होंनेअग्रणीभूमिकानिभाईथी।

अपनोंकाकुशलक्षेमलेनेकेसाथराष्ट्रीयकार्यक्रमोंमेंशामिलहोनेसेकभीपीछेनहींरहे।